ब्यूरो रिपोर्ट!
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के केंद्रीय विद्यालय भारतीय सैन्य अकादमी के छात्र आयुष बामनिया ने प्रदेश का नाम पूरे देश भर मे रोशन किया है,आपको बता दें शिक्षा मंत्रालय भारत सरकार द्वारा टॉय कैथोन 2022 के फिजिकल एडिशन में उपशीर्षक ए टॉय फ़ॉर दिव्यांग चिल्ड्रन के अंतर्गत मूकबधिरो के लिए बनाए गए उनके प्रोजेक्ट को राष्ट्रीय स्तर आगामी 24 मई से 26 मई 2022 को होने वाली ग्रैंड फिनाले प्रतियोगिता के लिए दिल्ली आमंत्रित किया गया है,प्रथम राउंड के लिए देश के 1330536 (तेरह लाख तीस हजार पाँच सौ छत्तीस )यूजर्स ने रजिस्टर किया जिसमें सिर्फ 17770 (सत्रह हजार सात सौ सत्तर )आइडियाज को ही दूसरे राउंड में प्रवेश का मौका मिला,ग्रैंड फिनाले के लिए देश भर से सिर्फ 227 टीमों को ही दिल्ली आने मौका मिला है, आयुष के उपशीर्षक में भारत की 30 टीमों को ही बुलाया गया है,आयुष द्वारा बनाये गए प्रोजेक्ट की खास बात यह है मूकबधिर दिव्यांग जनों को हाथ के इशारों से आवाज दी गयी है जिससे उनको बात करने में आसानी होगी,आयुष के साथ पाँच सदस्यीय टीम में केंद्रीय विद्यालय भारतीय सैन्य अकादमी की अनुष्का बामनिया,कांस्टेंसिया स्कूल के विनय कुमार के साथ ही केंद्रीय विद्यालय भारतीय सैन्य अकादमी से दो मेंटर्स शिक्षक पीयूष निगम,व मोनिका आर्य भी ग्रैंड फिनाले में भाग लेने दिल्ली जाएंगे, आपको बताते चलें टॉयकैथोन 2022 में देश की आत्मनिर्भर भारत,मेक इन इंडिया, जैसे महत्वकांशी योजनाओं को सार्थक करने के लिए देश के आठ केंद्रीय मंत्रालय भी इसमें सहयोग कर रहे हैं प्रधान मंत्री मोदी भी प्रतिभागियों से संवाद कर सकते है
आयुष ने अपनी इस सफलता का श्रेय विद्यालय के प्राचार्य माम चंद व अपने माता पिता को एवं शिक्षकों को दिया केंद्रीय विद्यालय संगठन देहरादून संभाग की उपायुक्त सुश्री मीनाक्षी जैन,सहायक आयुक्त सुकृति रैवानी ,माला तिवारी ने आयुष को उनकी इस उपलब्धि पर बधाई दी एवं विजयी होने का आशीर्वाद भी दिया आयुष को इससे पहले भी कई राष्ट्रीय पुरस्कार मिल चुके हैं, आयुष अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में देश के लिए काम करना चाहते हैं साथ ही दिव्यांग जनों की सेवा भी करना चाहते हैं, आयुष की इस उपलब्धि पर उनको उनके माता पिता व विद्यालय संगठन को हमारी भी ढ़ेर सारी शुभकामनाएं।
